Coronavirus India Live Updates: कोरोना की रफ्तार पड़ रही सुस्त, 8 दिनों से नए केस 20 हजार के नीचे


Covid-19 Cases in India: दिल्ली में शुक्रवार को कोरोना के 26 नए मामले सामने आए. (फाइल फोटो)

देश में कोरोना वायरस (Coronavirus Cases) के  नए मामलों में लगातार कमी देखने को मिल रही है, जो राहत की बात है. देशभर में पिछले 24 घंटे में 15,981 नए मामले दर्ज किए गए हैं जबकि शुक्रवार को 16,862 नए केस सामने आए थे. वहीं, बीते 24 घंटे में 166 मरीजों की कोरोना की वजह से मौत हुई. अब तक कुल 4,51,980 लोग वायरस के चलते जान गंवा चुके हैं. देश में एक्टिव केसों की संख्या भी घटकर दो लाख के आसपास रह गई है. 

स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से शनिवार को जारी आंकड़ों के मुताबिक, पिछले 24 घंटों के दौरान 17,861 मरीज कोरोना से ठीक हुए हैं जबकि अब तक कुल 3,33,99,961 लोग संक्रमण की चपेट में आकर स्वस्थ हो चुके हैं. पिछले 24 घंटों ंमें नए केसो ंके मुकाबले ठीक होने वाले मरीजों की संख्या अधिक रही. इससे एक्टिव केस घटकर 2,01,632 रह गए, जो कि पिछले 218 दिनों में सबसे कम हैं. 

देश में रिकवरी रेट 98.08 फीसदी है. यह मार्च 2020 के बाद सर्वाधिक है. संक्रमण दर की बात की जाए तो साप्ताहिक संक्रमण दर 1.44 प्रतिशत रही, जो पिछले 113 दिनों में तीन प्रतिशत से कम है. दैनिक संक्रमण दर 1.73 फीसदी है. यह 47 दिनों से 3 प्रतिशत से नीचे है.

Here are the Live updates on Coronavirus cases in Hindi

Coronavirus Live Updates: पिछले 24 घंटे में 15,981 नए मामले, 166 मौतें

कुल टीकाकरण : 97.23 करोड़ डोज 

पिछले 24 घंटे में नए मामले- 15,981; पिछले 8 दिनों से 20,000 से कम नए केस 

रिकवरी रेट – 98.08%

बीते 24 घंटे में ठीक हुए मरीज – 17,861 

अब तक ठीक हुए लोग – 3,33,99,961

एक्टिव केस- 2,01,632

साप्ताहिक संक्रमण दर -1.44 प्रतिशत 

दैनिक संक्रमण दर – 1.73 प्रतिशत 

अक तक हुए कुल टेस्ट – 58.98 करोड़ 

पिछले 24 घंटे में कोरोना से मौतें- 166

24 घंटे में टीकाकरण – 8,36,118

(एनडीटीवी संवाददाता)

महाराष्ट्र: ठाणे में कोविड-19 के 266 नये मामले, चार और लोगों की मौत
महाराष्ट्र के ठाणे में कोविड-19 के 266 नये मामले सामने आने के बाद जिले में संक्रमितों की संख्या बढ़कर 5,62,842 हो गई. एक अधिकारी ने शुक्रवार को यह जानकारी दी. अधिकारी ने बताया कि ये नए मामले बृहस्पतिवार को सामने आए. चार और लोगों की संक्रमण से मौत के बाद जिले में मृतक संख्या बढ़कर 11,455 हो गई है. जिले में कोविड-19 से मृत्यु दर 2.03 प्रतिशत है. इस बीच, एक अन्य अधिकारी ने बताया कि पड़ोस के पालघर जिले में कोविड-19 के मामले बढ़कर 1,37,369 हो गए और मृतक संख्या 3,279 है.

देश में 216 दिन में कोविड-19 के उपचाराधीन मरीजों की संख्या सबसे कम

भारत में एक दिन में कोविड-19 के 16,862 नए मामले सामने आने के बाद देश में संक्रमितों की संख्या बढ़कर 3,40,37,592 हो गई. वहीं, उपचाराधीन मरीजों की संख्या घटकर 2,03,678 हो गई, जो 216 दिन में सबसे कम है. केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से शुक्रवार को सुबह आठ बजे जारी किए गए अद्यतन आंकड़ों के अनुसार, संक्रमण से 379 और लोगों की मौत के बाद मृतक संख्या बढ़कर 4,51,814 हो गई. देश में लगातार 21 दिनों से कोविड-19 के दैनिक मामले 30 हजार से कम हैं और 110 दिन से 50 हजार से कम नए दैनिक मामले सामने आ रहे हैं. 

देश में उपचाराधीन मरीजों की संख्या भी घट कर 2,03,678 रह गई है, जो कुल मामलों का 0.60 प्रतिशत है. यह दर मार्च 2020 के बाद से सबसे कम है. मरीजों के ठीक होने की राष्ट्रीय दर 98.07 प्रतिशत है, जो मार्च 2020 के बाद से सर्वाधिक है. देश में पिछले साल सात अगस्त को संक्रमितों की संख्या 20 लाख, 23 अगस्त को 30 लाख और पांच सितंबर को 40 लाख से अधिक हो गई थी. वहीं, संक्रमण के कुल मामले 16 सितंबर को 50 लाख, 28 सितंबर को 60 लाख, 11 अक्टूबर को 70 लाख, 29 अक्टूबर को 80 लाख और 20 नवंबर को 90 लाख के पार चले गए थे. देश में 19 दिसंबर को ये मामले एक करोड़ के पार, इस साल चार मई को दो करोड़ के पार और 23 जून को तीन करोड़ के पार चले गए थे.

श्रीलंका में 18-19 वर्ष के आयु वर्ग के लिए टीकाकरण अभियान शुरू

श्रीलंका ने कोरोना वायरस से बचाव के लिए 18-19 साल की आयु के वयस्कों को भी टीके की खुराक देना शुरू कर दी है. श्रीलंका ने बुजुर्ग लोगों को टीके की खुराक देने के साथ टीकाकरण की शुरुआत की थी और अब उसने अपनी दो करोड़ 20 लाख की आबादी में से 57 प्रतिशत लोगों को टीके की खुराक दे दी है. अब उसने छात्रों के लिए टीकाकरण कार्यक्रम का विस्तार किया है. राजधानी कोलंबो और उपनगरों में 18-19 वर्ष आयु वर्ग में करीब 24,000 लोगों को फाइजर के टीके की खुराक देने की शुरुआत शुक्रवार को की गयी. 

अधिकारियों का कहना है कि कोलंबो में टीकाकरण अभियान 21 दिनों के भीतर पूरा हो जाएगा और वे अगले हफ्ते से देश के अन्य हिस्सों में टीके की खुराक देना शुरू करेंगे. श्रीलंका ने कोरोना वायरस संक्रमण और मौत के मामलों में कमी आने के साथ एक अक्टूबर को छह हफ्तों से लगा लॉकडाउन हटाया लेकिन यहां स्कूल अब भी बंद है और लोगों के अनावश्यक रूप से घर से निकलने, सार्वजनिक रूप से एकत्रित होने और परिवहन पर भी पाबंदियां हैं. श्रीलंका में कोविड-19 के 5,29,000 से अधिक मामले आए और 13,048 मरीजों ने जान गंवाई.

ओडिशा में कोरोना वायरस से संक्रमण के 467 नए मामले आए, पांच की मौत

ओडिशा में शुक्रवार को कोरोना वायरस से संक्रमण के 467 नए मामलों की पुष्टि हुई जिसके बाद राज्य में कुल संक्रमितों की संख्या बढ़कर 10,34,276 हो गई है. स्वास्थ्य विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि पांच और संक्रमितों के दम तोड़ने के बाद कुल मृतकों की संख्या 8279 हो गई है. नए मरीजों में 66 बच्चे और किशोर शामिल हैं. उन्होंने बताया कि नए संक्रमितों में से 271 मरीज पृथक केंद्रों से और 196 मरीज संपर्कों का पता लगाने के दौरान मिले हैं. सबसे ज्यादा 221 मरीज खुर्दा जले से मिले हैं जिसके अंतर्गत राजधानी भुवनेश्वर आती है.इसके बाद कटक में 67 मरीजों की पुष्टि हुई है.

अधिकारी ने बताया कि नबरंगपुर कोविड मुक्त जिला बन गया जहां एक भी उपचाराधीन मरीज नहीं हैं. राज्य में संक्रमण का इलाज करा रहे मरीजों की संख्या 5299 है. पिछले 24 घंटे में संक्रमण से 477 मरीज उबरे हैं जिसके बाद संक्रमण मुक्त होने वाले लोगों की कुल संख्या 10,20,645 हो गई है. अधिकारी ने बताया कि कोविड से बचाव के लिए राज्य में कुल 97,15,550 लोगों का टीकाकरण (टीके की दोनों खुराक) पूरा हो चुका है.

पुडुचेरी में कोरोना वायरस संक्रमण के 37 नए मामले सामने आए

केन्द्र शासित प्रदेश पुडुचेरी में बीते 24 घंटे में कोरोना वायरस संक्रमण के 37 नए मामले सामने आने के बाद संक्रमितों की कुल संख्या बढ़कर 1,27,296 हो गई. स्वास्थ्य विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने शुक्रवार को यह जानकारी दी. स्वास्थ्य विभाग के निदेशक जी श्रीरामुलु ने कहा कि 3,256 लोगों के नमूनों की कोविड-19 जांच की गई, जिनमें से 37 में संक्रमण मिला. पुडुचेरी में 33 और कराइकल में दो मामले सामने आए.

श्रीरामुलु ने बताया कि पुडुचेरी में उपचाराधीन रोगियों की संख्या 611 है. बीते 24 घंटे में 73 लोग संक्रमण से उबरे हैं. अब तक 1,24,836 लोग ठीक हो चुके हैं. संक्रमण दर 1.14 प्रतिशत, मृत्यु दर 1.45 फीसदी और संक्रमण से उबरने की दर 98.07 है. केंद्र शासित प्रदेश में लगातार दूसरे दिन मौत का कोई नया मामला सामने नहीं आया. मृतकों की संख्या 1,849 है.

डेल्टा स्वरूप के खिलाफ हर्ड इम्युनिटी पाना मुश्किल : अध्ययन

दिल्ली में इस साल कोविड-19 के गंभीर प्रकोप से पता चला कि सार्स-सीओवी-2 वायरस के किसी अन्य स्वरूप से पहले संक्रमित हो चुके लोगों को वायरस का डेल्टा स्वरूप पुन: संक्रमित कर सकता है. वैज्ञानिकों के एक अंतरराष्ट्रीय दल ने कहा कि वायरस के इस स्वरूप के खिलाफ सामूहिक प्रतिरक्षा क्षमता (हर्ड इम्युनिटी) का विकास बहुत चुनौतीपूर्ण है. पत्रिका ‘साइंस’ में बृहस्पतिवार को प्रकाशित अध्ययन में कहा गया है कि डेल्टा स्वरूप दिल्ली में सार्स-सीओवी-2 के पिछले स्वरूपों की तुलना में 30 से 70 प्रतिशत तक अधिक संक्रामक है.

दिल्ली में पिछले वर्ष मार्च में कोविड-19 का पहला मामला सामने आने के बाद शहर में जून, सितंबर और नवंबर 2020 में वायरस ने कहर बरपाया. इस वर्ष अप्रैल में तो हालात बेहद खराब हो गए जब 31 मार्च से 16 अप्रैल के बीच संक्रमण के दैनिक मामले 2,000 से बढ़कर 20,000 तक पहुंच गए. इस दौरान अस्पतालों और आईसीयू में मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ी और स्वास्थ्य देखभाल प्रणाली बेहद दबाव में आ गई. वायरस की पहले की लहरों की तुलना में मरने वालों की संख्या भी तीन गुना बढ़ गई.

अध्ययनकर्ताओं का कहना है कि दिल्ली की कुल सीरो-संक्रमण दर 56.1 फीसदी है जिससे भविष्य में वायरस की लहर आने पर सामूहिक प्रतिरक्षा क्षमता के जरिए ही कुछ सुरक्षा मिलेगी. सामूहिक प्रतिरक्षा क्षमता से रोग से परोक्ष सुरक्षा मिलती है और यह तब विकसित होती है जब पर्याप्त प्रतिशत आबादी में संक्रमण के खिलाफ प्रतिरोधक क्षमता विकसित हो जाती है. हालिया अध्ययन में महामारी के प्रकोप को समझने के लिए जिनोमिक और महामारी विज्ञान संबंधी आंकड़ों और गणितीय मॉडल का उपयोग किया गया.

राष्ट्रीय रोग नियंत्रण केंद्र तथा वैज्ञानिक एवं औद्योगिक अनुसंधान परिषद के इंस्टीट्यूट ऑफ जिनोमिक्स एंड इंटीग्रेटिव बायोलॉजी (सीएसआईआर-आईजीआईबी) के नेतृत्व में यह अध्ययन कैंब्रिज विश्वविद्यालय, इम्पीरियल कॉलेज ऑफ लंदन और कोपेनहेगन विश्वविद्यालय के सहयोग से किया गया. सह अध्ययनकर्ता कैंब्रिज विश्वविद्यालय में प्रोफेसर रवि गुप्ता ने कहा, ”वायरस के प्रकोप को खत्म करने के लिए सामूहिक प्रतिरक्षा क्षमता की अवधारणा बेहद महत्वपूर्ण है. लेकिन दिल्ली में हालात दिखाते हैं कि कोरोना वायरस के पहले के स्वरूपों से संक्रमित होना डेल्टा स्वरूप के खिलाफ सामूहिक प्रतिरक्षा क्षमता प्राप्त करने के लिहाज से पर्याप्त नहीं है.”

उन्होंने कहा, ”डेल्टा स्वरूप के प्रकोप को खत्म करने या इसे रोकने का एक ही तरीका है, या तो इस स्वरूप से संक्रमण हो जाए या फिर टीके की अतिरिक्त खुराक ली जाए जिससे एंटीबॉडी का स्तर इस हद तक बढ़ जाए जो डेल्टा स्वरूप की बच पाने की क्षमता को ही खत्म कर दे.” अप्रैल 2021 में दिल्ली में कोरोना वायरस के कहर के लिए क्या सार्स-सीओवी-2 के स्वरूप जिम्मेदार थे? यह पता लगाने के लिए अध्ययनकर्ताओं के दल ने दिल्ली में नंवबर 2020 से जून 2021 के बीच के वायरस के नमूने एकत्रित किए जिनकी सिक्वेंसिंग की गई और विश्लेषण किया गया. इसमें उन्होंने पाया कि दिल्ली में 2020 का प्रकोप वायरस के किसी भी चिंताजनक स्वरूप के कारण नहीं था.

जनवरी 2021 तक अल्फा स्वरूप किन्हीं-किन्हीं मामलों में पाया गया, विशेषकर विदेश से आए लोगों में. यह स्वरूप सबसे पहले ब्रिटेन में सामने आया था. मार्च 2021 तक यहां इस स्वरूप के मामले 40 फीसदी हो गए. अध्ययनकर्ताओं ने बताया कि इसके बाद अप्रैल में डेल्टा स्वरूप से जुड़े मामलों में तेज इजाफा हुआ. गणितीय मॉडल की मदद से और महामारी विज्ञान एवं जिनोमिक आंकड़ों के जरिए अध्ययनकर्ताओं ने पाया कि डेल्टा स्वरूप उन लोगों को संक्रमित करने में सक्षम है जो पहले सार्स-सीओवी-2 से पीड़ित रह चुके हैं.

अध्ययनकर्ताओं ने कहा कि संक्रमण की चपेट में आ चुके लोगों की डेल्टा स्वरूप से 50-90 फीसदी ही रक्षा हो पाती है. सीएसआईआर-आईजीआईबी में वरिष्ठ अध्ययनकर्ता एवं इस अध्ययन के सह प्रमुख अध्ययनकर्ता अनुराग अग्रवाल ने कहा, ”इस अध्ययन से डेल्टा स्वरूप के वैश्विक प्रकोप, विशेषकर ऐसी आबादी में जिनका टीकाकरण हो चुका है, उसे समझने में मदद मिली. डेल्टा स्वरूप टीकाकरण करवा चुके लोगों या पहले संक्रमित रह चुके लोगों के जरिए फैल सकता है.” पुन: संक्रमण के वास्तविक साक्ष्य प्राप्त करने के लिए सीएसआईआर द्वारा इस अध्ययन में शामिल किए गए लोगों की जांच की गई.

फरवरी में, अध्ययन में शामिल ऐसे लोग जिनका टीकाकरण नहीं हुआ था उनमें से 42.1 में सार्स-सीओवी-2 के खिलाफ एंटीबॉडी पाई गई. जून में ऐसे लोगों की संख्या 88.5 फीसदी थी जिसका मतलब था देश में संक्रमण की दूसरी लहर में संक्रमण दर काफी अधिक थी. डेल्टा का प्रकोप शुरू होने से पहले ही जो लोग संक्रमित हो चुके थे, अध्ययन में शामिल ऐसे 91 लोगों में से एक चौथाई लोगों में एंटीबॉडी का बढ़ा हुआ स्तर पाया गया जो सबूत था उनके पुन: संक्रमण की चपेट में आने का.

रूस में कोरोना वायरस संक्रमण के 32,196 नए मामले, 999 रोगियों की मौत

रूस में शुक्रवार को एक बार फिर कोरोना वायरस संक्रमण के और इससे मौत के मामलों में तेज वृद्धि देखी गई. बीते 24 घंटे में संक्रमण के 32,196 नए मामले सामने आए और 999 लोगों की मौत हुई. देश में बीते कुछ दिन से मृत्यु के दैनिक मामलों में नए रिकॉर्ड बनते देखे जा रहे हैं और रोजाना लगभग 1,000 रोगियों की मौत हो रही है. रूस में टीकाकरण की दर धीमी है और प्राधिकारी पाबंदियां कड़ी करने से कतरा रहे हैं क्योंकि इससे पहले से ही खराब दौर से गुजर रही अर्थव्यवस्था पर और बुरा प्रभाव पड़ सकता है. 

सरकार ने इस सप्ताह बताया था कि रूस की 29 प्रतिशत आबादी यानी 4 करोड़ 30 लाख लोगों का टीककारण पूरा हो चुका है. देश की कुल आबादी 14 करोड़ 50 लाख के आसपास है. रूस के कोरोना वायरस कार्यबल के अनुसार, देश में अब तक संक्रमण के 79 लाख मामले सामने आ चुके हैं. महामारी से 2,21,313 रोगियों की मौत हो चुकी है. कोविड-19 के मामले में रूस अमेरिका, ब्राजील, भारत और मेक्सिको के बाद पांचवे स्थान पर है.

केरल में संक्रमण के 8,867 नए मामले, जम्मू कश्मीर में पिछले 24 घंटे में किसी की मौत नहीं

केरल में शुक्रवार को जहां कोविड-19 से 67 मरीजों की मौत हो गई वहीं, जम्मू कश्मीर में पिछले 24 घंटे में महामारी से किसी की मौत नहीं हुई. केरल की स्वास्थ्य मंत्री वीणा जॉर्ज ने बताया कि राज्य में पिछले 24 घंटे के दौरान कोरोना वायरस से संक्रमण के 8,867 नए मामले आए जिसके बाद केरल में महामारी की चपेट में आने वालों की कुल संख्या बढ़कर 48,29,565 हो गई है. जॉर्ज ने बताया कि राज्य में कोविड-19 से अब तक 26,734 मरीज अपनी जान गंवा चुके हैं. मंत्री ने कहा कि अभी 94,756 मरीज उपचाराधीन हैं. उन्होंने बताया कि 158 स्थानीय निकाय के 211 वार्ड ऐसे हैं जहां साप्ताहिक संक्रमण जनसंख्या अनुपात 10 प्रतिशत से अधिक है.

इस बीच, जम्मू कश्मीर के अधिकारियों ने बताया कि केंद्र शासित प्रदेश में शुक्रवार को संक्रमण के 51 नए मामले आए जिसके बाद यहां अबतक संक्रमित हुए लोगों की संख्या बढ़कर 3,30,885 हो गई. उन्होंने कहा कि पिछले 24 घंटे में कोविड-19 से किसी की मौत नहीं हुई. जम्मू कश्मीर में अब तक महामारी से 4,426 मरीजों की मौत हो चुकी है और इस समय 895 मरीज उपचाराधीन हैं. अधिकारियों ने कहा कि केंद्र शासित क्षेत्र में म्यूकोरमाइकोसिस के 47 मामलों की पुष्टि हुई है.

सबके लिए टीके की उपलब्धता सुनिश्चित करने के अलावा कोई विकल्प नहीं: निर्मला सीतारमण

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि भारत कम आय वाले देशों को टीके उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है. उन्होंने कहा कि कोविड-19 महामारी के खिलाफ एक सफल वैश्विक अभियान को लेकर सबके लिए टीके की उपलब्धता सुनिश्चित करने के अलावा कोई विकल्प नहीं है. सीतारमण ने अंतरराष्ट्रीय मौद्रिक और वित्तीय समिति को संबोधित करते हुए कहा कि इस समय जारी महामारी का अर्थव्यवस्थाओं और समाज के संचालन के तरीके पर एक स्थायी प्रभाव पड़ सकता है.

उन्होंने कहा कि विकसित देशों के साथ-साथ प्रमुख उभरती बाजार अर्थव्यवस्थाओं (ईएमई) में टीकाकरण की उच्च दर के बाद भी, महामारी पर जीत अब भी एक दूर का सपना है. वित्त मंत्री ने कहा, “वायरस के स्वरूप में बदलाव जारी है और यह उन जगहों पर दोबारा आ रहा है जहां लग रहा था कि इसपर नियंत्रण कर लिया गया है. इस वजह से सबके लिए टीके की उपलब्धता सुनिश्चित करने के अलावा कोई विकल्प नहीं है.”

उन्होंने कहा, “आपूर्ति श्रृंखला व्यवधानों के कारण हो रही समस्याओं का समाधान होने के साथ भारत ने कुछ महीनों की छोटी अवधि के भीतर अपने टीका उत्पादन में तेजी लायी है. भारत वंचित और कम आय वाले देशों को टीके उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है.”

हरियाणा में कोरोना वायरस संक्रमण के 14 नए मामले सामने आए

हरियाणा में शुक्रवार को कोरोना वायरस संक्रमण के 14 नए मामले सामने आने के बाद संक्रमितों की कुल संख्या बढ़कर 7,71,049 हो गई. राज्य सरकार के एक बुलेटिन में यह जानकारी दी गई है. वहीं, पंजाब में कोविड-19 के 21 जबकि गुजरात में 14 नए सामने आए. हरियाणा स्वास्थ्य विभाग के दैनिक बुलेटिन के अनुसार मृतकों की संख्या 10,049 ही है. गुरुग्राम जिले में संक्रमण के नौ मामले सामने आए हैं. राज्य में उपचाराधीन रोगियों की संक्या 93 है. 7,60,884 लोग संक्रमण से उबर चुके हैं. संक्रमण से उबरने की दर 98.68 प्रतिशत है.

वहीं, पंजाब में कोविड-19 के 21 नए मामले सामने आए जबकि संक्रमण से एक मरीज की मौत हो गई. एक मेडिकल बुलेटिन में यह जानकारी दी गई. बुलेटिन के अनुसार नए मामलों के बाद राज्य में संक्रमितों की कुल संख्या बढ़कर 6,01,992 हो गई जबकि मृतक संख्या 16,540 पर पहुंच गई. संक्रमण से मरीज की मौत फिरोजपुर में हुई. वहीं गुजरात में पिछले 24 घंटों में संक्रमण के 14 नए मामले सामने आए, जिसके बाद राज्य में कुल संक्रमितों की संख्या बढ़कर 8,26,258 हो गई. जबकि संक्रमण से किसी की मौत नहीं हुई और कुल मतृक संख्या 10,086 है. एक अधिकारी ने शुक्रवार को यह जानकारी दी. अधिकारी ने बताया कि संक्रमण से 17 लोग और स्वस्थ हुए जिसके बाद संक्रमण को अब तक मात देने वाले लोगों की संख्या बढ़कर 8,15,960 पर पहुंच गई. राज्य में उपचाराधीन मरीजों की संख्या 212 है.

कोविड-19: श्रीलंका में एक प्रांत से दूसरे प्रांत में जाने पर लगी पाबंदी को कड़ा किया जाएगा

श्रीलंका ने एक प्रांत से दूसरे प्रांत की यात्रा पर लगी पाबंदी को कड़ा करने की शुक्रवार को घोषणा की. अगस्त में श्रीलंका में राष्ट्रव्यापी लॉकडाउन लागू होने के बाद से यह पाबंदी लागू है. राष्ट्रपति गोटाबाया राजपक्षे के कार्यालय के एक बयान के अनुसार, अधिकारियों को 19 और 20 अक्टूबर को सार्वजनिक अवकाश तथा सप्ताहांत के दौरान प्रांतीय सीमाओं पर यातायात की जांच करने के लिये कहा गया है.

श्रीलंका ने दो हफ्ते पहले देशव्यापी लॉकडाउन हटा लिया था क्योंकि अधिकारियों ने दावा किया कि देश में कोरोना वायरस की घातक तीसरी लहर के कमजोर पड़ने के बाद मृतकों और संक्रमितों की संख्या कम हो गई. मृतकों की संख्या अप्रैल के अंत तक 1,000 थी जो अब बढ़कर 13,400 से अधिक हो गई है.



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